झंझारपुर प्रखंड के संतनगर पंचायत स्थित हाई स्कूल कैंपस में मंगलवार को आयोजित सहयोग शिविर में उस समय प्रशासनिक अमला सन्न रह गया, जब एक आम नागरिक ने सीधे व्यवस्था पर चोट की। भ्रष्टाचार की लाइव शिकायत सुनते ही शिविर में मौजूद अनुमंडल पदाधिकारी (SDM) कुमार गौरव और अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी (SDPO) सुबोध कुमार सिन्हा ने मामले को बेहद संजीदगी से नोट किया।
बुजुर्ग की लाचारी और व्यवस्था पर तीखा प्रहार
शिविर में अपनी फरियाद लेकर पहुंचे रामखेतारी गांव के निवासी जगन्नाथ ठाकुर ने राजस्व विभाग के काउंटर पर अंचल कर्मी की कार्यशैली को बेनकाब कर दिया। उन्होंने भरे मंच और अधिकारियों के सामने अपनी आपबीती सुनाते हुए सीधे शब्दों में कहा:
अंचल कर्मी के द्वारा दाखिल खारिज के लिए पांच हजार रुपए घुस की मांग की जाती है, जिस कारण हम दाखिल खारिज नहीं करा पा रहे हैं। कर्मी द्वारा मुझसे ₹5000 की घूस मांगी जा रही है, जबकि हमारे पिता और पूर्वजों के जमाने में यह जमीन मात्र तीन रुपये कट्ठा की दर से खरीदी गई थी।
बुजुर्ग का यह दर्द सुनते ही कैंप में मौजूद अन्य ग्रामीण भी उनके समर्थन में आ गए। लोगों का कहना था कि अंचल कार्यालयों में दाखिल-खारिज (म्यूटेशन) के नाम पर आम जनता को जानबूझकर परेशान किया जाता है। कर्मी द्वारा मुझसे ₹5000 की घूस मांगी जा रही है की यह गूंज पूरे शिविर में चर्चा का विषय बनी रही।
राजस्व विभाग के मामलों की रही भारी भरमार
इस सहयोग शिविर में यह साफ देखने को मिला कि ग्रामीण इलाकों में जनता सबसे ज्यादा जमीन-जायदाद के मामलों से त्रस्त है। शिविर के आयोजन से एक दिन पहले (सोमवार) ही प्रशासन को 28 आवेदन मिल चुके थे, जिनमें से अकेले 12 आवेदन सिर्फ राजस्व विभाग से जुड़े थे। मंगलवार को शिविर शुरू होते ही 40 से अधिक नए लोगों ने अपना रजिस्ट्रेशन कराया। इनमें भी सबसे ज्यादा शिकायतें जमीन की रसीद, परिमार्जन और दाखिल-खारिज को लेकर थीं।
आवास योजना की दूसरी किस्त और राशन कार्ड पर भी रहा जोर
शिविर में सिर्फ जमीन ही नहीं, बल्कि विकास योजनाओं से जुड़े मामले भी प्रमुखता से आए। कई गरीब परिवारों ने प्रधानमंत्री आवास योजना के तहत अपनी अटकी हुई दूसरी किस्त को सीधे बैंक खाते में ट्रांसफर करने की गुहार लगाई, ताकि वे अपने अधूरे मकानों को पूरा कर सकें। वहीं, खाद्य एवं उपभोक्ता संरक्षण विभाग के काउंटर पर कई महिलाएं और बुजुर्ग राशन कार्ड में छूटे हुए परिजनों और बच्चों का नाम जुड़वाने के लिए अधिकारियों से मिन्नतें करते दिखे।

एसडीएम की सख्त चेतावनी: सभी आवेदन होंगे ऑनलाइन
भ्रष्टाचार की इस गंभीर शिकायत और आवेदनों की भारी भीड़ को देखते हुए एसडीएम कुमार गौरव ने कड़ा रुख अपनाया। उन्होंने मौके पर मौजूद सभी अंचल और प्रखंड कर्मियों को हिदायत दी कि जनता को अनावश्यक परेशान न किया जाए।
एसडीएम ने ग्रामीणों को भरोसा दिलाते हुए कहा कि शिविर में प्राप्त हुए सभी आवेदनों को तुरंत सरकारी पोर्टल पर ऑनलाइन किया जाएगा। उन्होंने स्पष्ट किया कि पूर्व में लंबित पड़े आवेदनों और आज के कैंप में आए सभी मामलों को एक निश्चित समय सीमा के भीतर, प्राथमिकता के आधार पर निष्पादित किया जाएगा। सभी आवेदनों को संबंधित विभागों को हस्तगत करा दिया गया है ताकि त्वरित कार्रवाई की जा सके।
इस शिविर में शिक्षा, बिजली, पंचायती राज और ग्रामीण विकास विभाग सहित दर्जनों विभागों के अधिकारी व कर्मचारी टेबल पर मुस्तैद रहे और उन्होंने कई ऑन-द-स्पॉट शिकायतों का निपटारा भी किया।








