पटना: बिहार की राजधानी पटना का सबसे बड़ा एजुकेशन हब मुसल्लहपुर हाट और कदमकुआं इलाका एक बार फिर दहल उठा है। मंगलवार (02 जून 2026) की देर रात देश के प्रख्यात शिक्षक खान सर के कोचिंग संस्थान खान ग्लोबल स्टडीज पर हुए अचानक और हिंसक हमले ने पूरे प्रशासनिक अमले में हड़कंप मचा दिया। लेकिन इस पूरी घटना में सबसे सनसनीखेज मोड़ तब आया, जब खुद खान सर ने चंद घंटों के भीतर अपने ही सबसे बड़े दावे से यू-टर्न ले लिया। रात के सन्नाटे में मीडिया के कैमरों के सामने आकर जिस 10 राउंड फायरिंग और बमबाजी का रोना खान सर ने रोया था, सुबह होते-होते उन्होंने उस बयान को यह कहकर वापस ले लिया कि माहौल ऐसा था कि कुछ समझ नहीं आया, मैंने वही कहा जो गार्ड ने बताया था।
वहीं दूसरी ओर, पटना पुलिस ने त्वरित कार्रवाई करते हुए इस हमले की साजिश रचने के आरोप में प्रतिस्पर्धी संस्थान ज्ञानबिंदु जीएस एकेडमी के डायरेक्टर रौशन आनंद को हिरासत में ले लिया है।
रात का बयान: मैंने खुद अपनी आंखों से गोलियां चलते देखीं
मंगलवार की रात करीब 10:10 बजे जब खान ग्लोबल स्टडीज में ऑनलाइन क्लासेस का संचालन हो रहा था, तभी अचानक भारी संख्या में आए उपद्रवियों ने मुख्य गेट पर धावा बोल दिया और परिसर में जमकर तोड़फोड़ की। घटना के तुरंत बाद मीडिया कैमरों के सामने आए खान सर बेहद डरे और आक्रोशित दिखे। उन्होंने ऑन-कैमरा बयान देते हुए दावा किया था, मैं खुद मौके पर मौजूद था। मैंने अपनी आंखों से हमलावरों को 8 से 10 राउंड ताबड़तोड़ गोलियां चलाते और बम फेंकते देखा है। विरोधी कोचिंग वालों ने दो दिन पहले ही धमकी दी थी कि कोचिंग को उड़ा देंगे। खान सर के इस बयान के बाद पूरे बिहार के शिक्षा जगत और कानून व्यवस्था पर सवाल खड़े होने लगे।


पुलिस की प्रेस विज्ञप्ति ने खोला राज: फायरिंग की बात पूरी तरह खारिज
जैसे ही सुबह पटना पुलिस ने मामले की कमान संभाली और तकनीकी तफ्तीश शुरू हुई, खान सर के दावों की हवा निकल गई। नगर पुलिस अधीक्षक कार्यालय, पटना द्वारा जारी आधिकारिक प्रेस विज्ञप्ति ने स्थिति को पूरी तरह स्पष्ट कर दिया। पुलिस ने अपनी रिपोर्ट में साफ तौर पर लिखा है:
दिनांक 02.06.2026 की रात्रि में करीब 10:10 बजे कदमकुआं थानांतर्गत खान ग्लोबल स्टडीज कोचिंग संस्थान पर कुछ लोगों द्वारा ईंटा-पथराव एवं तोड़फोड़ किए जाने की सूचना प्राप्त हुई। प्राप्त सूचना पर पुलिस टीम द्वारा त्वरित घटनास्थल पर पहुंचा गया। घटनास्थल पर आसपास के लोगों से पूछताछ करने एवं आसपास लगे सी०सी०टी०वी० कैमरों के फुटेज के अवलोकन से ज्ञात हुआ कि ज्ञान बिन्दु कोचिंग संस्थान, पटना से जुड़े 15 से 20 लोगों द्वारा पथराव एवं तोड़फोड़ किया गया है। सी०सी०टी०वी० फुटेज के अवलोकन से फायरिंग की कोई पुष्टि नहीं हुई है।
इसके साथ ही, पुलिस जांच में यह भी सामने आया कि खान सर के संस्थान की ओर से दर्ज कराई गई आधिकारिक एफआईआर (FIR) में भी गोलीबारी का दूर-दूर तक कोई जिक्र नहीं किया गया था।

खान सर की सफाई: गार्ड ने जो कहा, मैंने वही मान लिया
पुलिस की रिपोर्ट में फायरिंग की बात पूरी तरह खारिज होने के बाद खान सर बैकफुट पर आ गए और अपने दावों से पल्ला झाड़ लिया। उन्होंने अपने नए बयान में यू-टर्न लेते हुए कहा, उस समय वहां पर बहुत ज्यादा अफरातफरी थी। हमारा सुरक्षा गार्ड लहूलुहान था और उसका सिर फटा हुआ था। गार्ड ने घबराहट में आकर मुझे बताया कि बाहर गोलियां चल रही हैं और बम फेंके गए हैं, और मैंने भी बिना सोचे-समझे वही बात मीडिया के सामने कह दी। दरअसल माहौल इतना तनावपूर्ण था कि स्थिति का सही अंदाजा नहीं मिल पाया।
ज्ञानबिंदु कोचिंग के डायरेक्टर रौशन आनंद गिरफ्तार, कोचिंग हब में भारी तनाव
भले ही पुलिस ने गोली चलने की बात को अफवाह करार दिया हो, लेकिन खान सर की कोचिंग पर हुआ यह हमला पूरी तरह सुनियोजित व्यावसायिक प्रतिद्वंद्विता का नतीजा था। सीसीटीवी फुटेज में साफ देखा गया कि सड़क के दूसरी पार स्थित ज्ञानबिंदु कोचिंग संस्थान से जुड़े 15 से 20 लड़के हाथों में ईंट-पत्थर लेकर आए थे और सुनियोजित तरीके से तोड़फोड़ कर रहे थे।
इस पुख्ता डिजिटल सबूत के आधार पर पटना पुलिस ने बड़ी कार्रवाई करते हुए ज्ञानबिंदु कोचिंग के मुख्य संचालक और प्रख्यात शिक्षक रौशन आनंद को तीन अन्य सहयोगियों के साथ हिरासत में ले लिया है। पुलिस उनसे इस हमले की साजिश रचने और लड़कों को उकसाने के आरोप में कड़ी पूछताछ कर रही है। वहीं दूसरी ओर, ज्ञानबिंदु कोचिंग के स्टाफ ने भी जवाबी आरोप लगाते हुए कहा है कि बुधवार की सुबह खान सर के गुट के कुछ लोगों ने उनके परिसर में घुसकर तोड़फोड़ की, जिसके कारण सुरक्षा के लिहाज से बुधवार को ज्ञानबिंदु कोचिंग को बंद रखना पड़ा।
पटना पुलिस ने साफ कर दिया है कि घटना में संलिप्त अन्य फरार अभियुक्तों की गिरफ्तारी हेतु लगातार छापेमारी की जा रही है और कानून हाथ में लेने वाले किसी भी व्यक्ति को बख्शा नहीं जाएगा। इस घटना के बाद से पूरे मुसल्लहपुर हाट और कदमकुआं इलाके में भारी पुलिस बल तैनात है और बिहार के इस सबसे बड़े छात्र केंद्र में भारी मानसिक तनाव और असुरक्षा का माहौल व्याप्त है।







